-
Thursday, 4th June, 2026
बड़हलगंज
आप यहाँ हैं :Home / gorakhpur /bdahalganja / news
उर्स के अवसर पर दरगाह और
मेला परिसर को रंगीन रोशनी और खूबसूरत सजावट से सजाया गया था। जगह-जगह लंगर और
शरबत का इंतजाम किया गया। मेले में बच्चों और नौजवानों के लिए झूले, खिलौने और खान-पान की दुकानों पर देर रात तक रौनक बनी
रही। आसपास के गांवों और कस्बों से लोग अपने परिवार के साथ मेले में शामिल हुए। उर्स के दौरान महफिल-ए-कव्वाली और नात-ओ-मनकबत का
आयोजन किया गया, जिसमें कव्वालों ने सूफियाना कलाम पेश कर महफिल को
रूहानी रंग में रंग दिया। जायरीन देर रात तक दरगाह परिसर में इबादत और दुआ में
मशगूल रहे। उलेमा-ए-किराम ने अपने खिताब में हजरत सैयद सालार
मसूद गाजी की जिंदगी और उनकी तालीमात पर रोशनी डालते हुए मोहब्बत, भाईचारे और इंसानियत का पैगाम दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि बाले मियां मेला इलाके
की गंगा-जमुनी तहजीब की पहचान है, जहां हर मजहब और तबके के
लोग बड़ी मोहब्बत और अकीदत के साथ शरीक होते हैं। उर्स और मेले के दौरान पूरे
क्षेत्र में खुशी और रौनक का माहौल बना रहा।
मेला इंतजामिया कमेटी और स्थानीय प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। दरगाह और मेला परिसर में पुलिस बल तैनात रहा। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग और निगरानी की विशेष व्यवस्था की गई थी। स्वास्थ्य विभाग की टीम और एंबुलेंस भी एहतियातन मौजूद रही।