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Wednesday, 1st April, 2026
चरगांवा
रूरल न्यूज नेटवर्क। भारत सेवाश्रम में मां दुर्गा के विसर्जन और सिंदूर उत्सव
का भव्य आयोजन किया गया। इस दौरान बंगाली महिलाओं ने पारंपरिक प्रथा सिंदूर खेला
बड़े ही उत्साह के मनाया। सबसे पहले मां दुर्गा की प्रतिमा पर एक- एक करके सिंदूर
लगाया। उसके बाद एक दूसरे को भी सिंदूर लगा कर बधाई दी।
10 दिनों के लिए मायके आतीं मां दुर्गा इस आयोजन में शामिल हुई महिलाओं ने बताया कि
बंगाली रीति में नवरात्र के दिनों में सिंदूर खेला का रस्म बेहद ही शुभ माना जाता
है। ऐसी मान्यता है कि इस समय मां दुर्गा 10 दिनों के लिए अपने
मायके आई होती हैं। और जब उनकी विदाई होने वाली रहती है तो पूरी रस्म एक बेटी की
विदाई वाली की जाती है।
नौ दिनों तक मां दुर्गा का अच्छे से पूजा- पाठ
किया जाता है। उसके बाद विसर्जन से ठीक पहले यह रस्म की जाती है। जिसमें सुहागिन
महिलाएं सिंदूर लगाती हैं। उसके बाद मिठाई खिलाकर माता का आशीर्वाद लेती हैं। और
अपने पति और परिवार की लंबी उम्र का कामना करती हैं। साथ ही मां दुर्गा को
खुशी-खुशी विदा किया जाता है।
भक्तिमय माहौल में
हुई विदाई
सिंदूर उत्सव में महिलाओं ने बढ़- चढ़ कर हिस्सा लिया। ढाक की धुन पर धुनुची डांस किया। पूरा माहौल भक्तिमय नजर आया। उसके बाद मंदिर के आयोजकों ने मां दुर्गा के प्रतिमा की आरती उतार कर, ढोल नगाड़ें के साथ विसर्जन के लिए ले गए।