गोरखपुर में आश्रम के पास मिले 10-12 गौवंश के अवशेष, ग्रामीणों ने 2 घंटे हाईवे जाम किया
गोरखपुर : गोला थाना क्षेत्र के पड़ौली-डड़ारी समय माता मंदिर मार्ग पर धौसहर उर्फ बेलवाबारी गांव स्थित धन निरंकार आश्रम के पास शुक्रवार सुबह गौवंश के क्षत-विक्षत अवशेष मिलने से हड़कंप मच गया। सुबह करीब 6:30 बजे मार्ग पर दौड़ने निकले युवकों ने सड़क किनारे अवशेष देखे। सूचना मिलते ही आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने गौवंश को काटे जाने की आशंका जताते हुए जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने अवशेषों को एकत्र कराया और जेसीबी की मदद से गड्ढा खुदवाकर उन्हें मिट्टी में दफना दिया। ग्रामीणों के अनुसार, अवशेष करीब दो से तीन डिसमिल क्षेत्र में फैले हुए थे। मौके पर मौजूद लोगों ने आशंका जताई कि पशुओं को भोर में काटकर उनका मांस वहां से ले जाया गया होगा। हालांकि, पुलिस इस संबंध में जांच कर रही है।
घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने शुक्रवार सुबह करीब 9 बजे से 11 बजे तक चिलवां पुल पर गोला-कौड़ीराम मार्ग स्थित स्टेट हाईवे जाम कर दिया। गजेंद्र नारायण राय, रतन प्रकाश दुबे, राजकपूर सिंह, अशोक जायसवाल समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने सड़क पर धरना दिया। ग्रामीणों का कहना था कि क्षेत्र में इस तरह की यह तीसरी घटना है। उन्होंने घटना में शामिल लोगों की गिरफ्तारी की मांग की। जाम की सूचना पर तहसील प्रशासन के अधिकारी और थाना प्रभारी सीपी पांडेय मौके पर पहुंचे। थाना प्रभारी ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 36 घंटे के भीतर कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर जाम खोल दिया और यातायात बहाल हुआ।
भाजपा जिला उपाध्यक्ष रतन प्रकाश दुबे, अवनीश प्रसाद, नवल किशोर दुबे, देवेश पांडेय, केशभान यादव और अमित कुमार समेत ग्रामीणों ने पुलिस को संयुक्त तहरीर दी। इसमें बताया गया कि शुक्रवार सुबह धन निरंकार आश्रम के पास 10 से 12 गौवंश के कटे हुए अवशेष मिले हैं। ग्रामीणों ने मामले की जांच कर घटना में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। उनका कहना है कि क्षेत्र में पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। ग्रामीणों के मुताबिक, सर्दियों के महीनों में भी कुछ गौवंश के अवशेष मिले थे, जिन्हें पुलिस ने जेसीबी की मदद से मिट्टी में दफना दिया था। करीब तीन साल पहले मार्च 2023 में भी गोला थाना क्षेत्र के ककरही और इससे सटे खदरा गांव के सिवान स्थित चोपलहवा बाग में दर्जनों गोवंशीय पशुओं के अवशेष मिले थे। उस समय भी पुलिस ने मौके पर पहुंचकर अवशेषों को जेसीबी की मदद से मिट्टी में दफन कराया था। थाना प्रभारी सीपी पांडेय ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है। अवशेष कहां से आए और उन्हें वहां कौन लेकर आया, इसकी जांच की जा रही है। जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।